सेक्स सीडी कांड : 23 फरवरी को कोर्ट में भूपेश की पेशी, सेशन कोर्ट के फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट जाएंगे बघेल

छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित सेक्स सीडी कांड (Sex Cd Scandal) में कानूनी लड़ाई एक बार फिर तेज़ होने वाली है। रायपुर सेशन कोर्ट में CBI द्वारा दोबारा अपील दाखिल करने के बाद अब कांग्रेस ने इस फैसले को चुनौती देने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाने का निर्णय लिया है। यह वही मामला है जिसमें मार्च 2025 में CBI की विशेष अदालत ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को सभी आरोपों से बरी कर दिया था।
सेशन कोर्ट के फैसले पर कांग्रेस की आपत्ति
सेशन कोर्ट में CBI द्वारा पुनः अपील दाखिल करने पर कांग्रेस ने कड़ा रुख अपनाते हुए इसे गलत बताया है। कांग्रेस का कहना है कि जिस मामले में विशेष अदालत ने स्पष्ट रूप से कहा कि भूपेश बघेल के खिलाफ मुकदमा चलाने का कोई ठोस आधार नहीं है, उसे बार-बार कानूनी प्रक्रिया में घसीटना न्यायिक दुरुपयोग है। इसी आधार पर पार्टी अब हाईकोर्ट में अपील दायर करेगी।
विशेष अदालत ने मार्च 2025 में किया था भूपेश बघेल को बरी
मार्च 2025 में CBI की विशेष अदालत ने भूपेश बघेल को मामले में सभी आरोपों से मुक्त कर दिया था। अदालत ने अपने आदेश में कहा था कि प्रस्तुत सबूत आरोप साबित करने के लिए पर्याप्त नहीं हैं। फैसला आने के बाद यह मामला लगभग समाप्त मान लिया गया था, लेकिन CBI ने इसे पुनर्जीवित करते हुए सेशन कोर्ट में रिव्यू पिटिशन दायर किया।
सीबीआई ने सेशन कोर्ट में दोबारा की अपील
सेक्स सीडी प्रकरण में CBI ने सेशन कोर्ट के समक्ष पुनर्विचार याचिका दायर की है। एजेंसी का कहना है कि कुछ बिंदुओं की पुनः जांच आवश्यक है और विशेष अदालत के फैसले में कई कानूनी पहलुओं पर पर्याप्त विचार नहीं हुआ। इसी के बाद कांग्रेस अब हाईकोर्ट में जाकर कानूनी चुनौती का सामना करने की तैयारी में है।
जाने क्या था पूरा मामला
दरअसल, अक्टूबर 2017 में छत्तीसगढ़ में कथित सेक्स सीडी सामने आई थी, जिसे राजेश मूणत का बताया जा रहा था। शिकायत के बाद पुलिस को दिल्ली में CD बनाने का इनपुट मिला। वहां से तार पत्रकार और कांग्रेस के मीडिया सलाहकार रहे विनोद वर्मा से जुड़े।
इसके बाद रायपुर के IG रहे प्रदीप गुप्ता ने कहा था कि वर्मा CD बनवा रहे थे। वर्मा भूपेश बघेल के रिश्तेदार भी हैं। इन्हीं दावे के साथ पुलिस ने विनोद वर्मा को गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद सितंबर 2018 में कांग्रेस के तत्कालीन प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल को भी गिरफ्तार किया गया था।
भाजपा नेता प्रकाश बजाज ने दर्ज कराई थी शिकायत
भाजपा नेता प्रकाश बजाज की शिकायत पर 26 अक्टूबर 2017 को पंडरी थाने में पहला केस दर्ज किया गया। बजाज की दर्ज कराई FIR में ब्लैकमेलिंग का जिक्र है। किसी ने लैंड लाइन से उन्हें फोन पर कहा था कि मेरे पास तुम्हारे आकाओं के अश्लील वीडियो हैं, पैसे दो वर्ना CD बनाकर बांट दूंगा।
पुलिस ने नंबर ट्रेस किया और उन्हें दिल्ली की एक दुकान के बारे में जानकारी मिली। यह दुकान CD रिकॉर्डिंग का काम करती थी। CBI और पुलिस का दावा है कि इसी से वे वर्मा तक पहुंचे। इसके बाद दूसरे आरोपी व्यक्तियों तक पहुंचे, जिनके खिलाफ केस दर्ज किए गए हैं।
छत्तीसगढ़ की राजनीति का टर्निंग पॉइंट बना था कांड
सितंबर 2018 में, तत्कालीन कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल और विनोद वर्मा को एक CD स्कैंडल के सिलसिले में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। इससे राज्य की राजनीति में हलचल मच गई थी, क्योंकि विधानसभा चुनाव सिर्फ 3 महीने दूर थे। भूपेश बघेल ने जमानत लेने से इनकार कर दिया था। यह उनके राजनीतिक करियर में एक टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने BJP के खिलाफ सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया, जो पिछले 15 सालों से लगातार चुनाव जीत रही थी।
हर पोस्टर पर यह नारा लिखा था कि मैं भी भूपेश हूं। पूरे राज्य के गांवों और शहरों में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए। कुछ दिनों बाद, भूपेश जेल से रिहा हो गए। इसके बाद, कांग्रेस पार्टी ने विधानसभा चुनावों में शानदार जीत हासिल की और 68 सीटें जीतीं। कहा जाता है कि भूपेश बघेल के नेतृत्व में कांग्रेस बीजेपी विरोधी माहौल बनाने में सफल रही। CD स्कैंडल में भूपेश के खिलाफ की गई कार्रवाई को राज्य की राजनीति में एक टर्निंग पॉइंट माना जाता है।
कैलाश मुरारका-विनोद वर्मा को नहीं मिली राहत
इस मामले में कारोबारी कैलाश मुरारका और पूर्व मुख्यमंत्री के सलाहकार विनोद वर्मा ने भी खुद को आरोपों से मुक्त करने के लिए सेशन कोर्ट में आवेदन दिया था। हालांकि कोर्ट ने दोनों की याचिकाएं खारिज कर दीं। कोर्ट का कहना है कि उनके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मौजूद हैं और उन्हें ट्रायल का सामना करना होगा।
इस केस में भूपेश बघेल के अलावा कैलाश मुरारका, विनोद वर्मा, विजय भाटिया और विजय पांड्या आरोपी हैं। वहीं, एक अन्य आरोपी रिंकू खनूजा ने केस सामने आने के बाद आत्महत्या कर ली थी।






