धर्म स्वातंत्र्य विधेयक पर सियासत तेज, डिप्टी CM का विपक्ष पर हमला…कही बड़ी बात


CG News: छत्तीसगढ़ में धर्म स्वातंत्र्य विधेयक 2026 को लेकर सियासी माहौल गरमा गया है। इस मुद्दे पर डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने बड़ा बयान देते हुए विपक्ष पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि यह विषय पूरे प्रदेश के लिए गंभीर चर्चा का मुद्दा है और इस पर खुलकर संवाद होना चाहिए।
डिप्टी सीएम ने कहा कि कांकेर, नारायणपुर और बीजापुर जैसे कई जिलों में पिछली सरकार के रिकॉर्ड के अनुसार एक भी धर्मांतरण का मामला दर्ज नहीं हुआ था। उन्होंने 1968 के प्रावधान का जिक्र करते हुए बताया कि उस समय धर्मांतरण की जानकारी देना अनिवार्य था, लेकिन कई मामलों में इसका पालन नहीं हुआ। इससे कई क्षेत्रों में विवाद और तनाव की स्थिति बनती रही।
धर्म स्वातंत्र्य विधेयक 2026 पर अपनी बात रखते हुए विजय शर्मा ने कहा कि धर्मांतरण के कारण कई बार कानून-व्यवस्था प्रभावित हुई। उन्होंने सुकमा के एसपी द्वारा जुलाई 2021 में जारी पत्र का हवाला देते हुए बताया कि उस समय भी सामाजिक तनाव बढ़ने की आशंका जताई गई थी, लेकिन तत्कालीन सरकार ने इस पर ध्यान नहीं दिया।
उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान सरकार ने दृढ़ता दिखाते हुए धर्म स्वतंत्रता अधिनियम 2026 को सदन में पारित किया है और अब इसके नियम बनाकर इसे पूरी तरह लागू किया जाएगा।
विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि यह पूरे समाज के चिंतन का विषय था, लेकिन विपक्ष ने सदन से बहिर्गमन किया। उनके मुताबिक यह बहिर्गमन नहीं, बल्कि पलायन था, क्योंकि वे इस मुद्दे पर बोलने से बचना चाहते थे।








