होली पर शराब दुकानें बंद रहेंगी या खुली? आबकारी मंत्री लखनलाल देवांगन ने ‘कलेक्टर’ के पाले में डाली गेंद

छत्तीसगढ़ में होली के दिन शराब दुकानें खुली रहने को लेकर मचे घमासान के बीच प्रदेश के आबकारी मंत्री लखनलाल देवांगन का बड़ा बयान सामने आया है। मंत्री ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश की आबकारी नीति में स्पष्ट प्रावधान हैं और किसी भी जिले में विशेष परिस्थितियों में दुकान बंद रखने का सर्वाधिकार जिला कलेक्टर के पास सुरक्षित है।
क्या कहा आबकारी मंत्री ने?
कोरबा में मीडिया से चर्चा करते हुए मंत्री लखनलाल देवांगन ने नीतिगत पहलुओं पर रोशनी डाली,मंत्री ने बताया कि आबकारी नीति के तहत साल भर में कुल 4 दिन ‘शुष्क दिवस’ (Dry Day) अनिवार्य रूप से घोषित करने का फैसला सरकार का होता है। सरकार की नीति के अलावा, जिला कलेक्टर के पास साल में 3 दिन अतिरिक्त शराब दुकानें बंद करवाने का विशेष अधिकार होता है।
विवेक पर निर्णय
मंत्री देवांगन ने कहा, “कलेक्टर अपने विवेक के अनुसार जिले की कानून-व्यवस्था को देखते हुए दुकान बंद करवा सकते हैं। यदि किसी जिले के कलेक्टर को लगता है कि होली के दिन शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए दुकानें बंद रखना जरूरी है, तो वे निश्चित रूप से इसे बंद करवा सकते हैं।”
भ्रम की स्थिति होगी दूर
पिछले कुछ दिनों से यह चर्चा गर्म थी कि नई गाइडलाइन के बाद इस साल होली पर शराब दुकानें खुली रहेंगी। लेकिन मंत्री के इस बयान के बाद अब यह साफ हो गया है कि राज्य स्तर से कोई बाध्यता नहीं है। हर जिले की स्थिति और सुरक्षा के मद्देनजर वहां के कलेक्टर स्वतंत्र रूप से ‘ड्राय डे’ घोषित करने का फैसला ले सकते हैं।






